खाती हैं चावल और सफेद पास्ता, तो हो जाइए सावधान


नई दिल्ली (New Delhi) . क्या आपको भी सफेद पास्ता और चावल बहुत भाता है? अगर हां तो आपको इसे तुरंत बंद कर देना चाहिए. हाल ही के एक अध्ययन के अनुसार सफेद पास्ता खाने से महिलाओं को समय से पहले मीनोपोज होने का डर रहता है. ब्रिटेन में हुए एक शोध में चेतावनी दी गई है कि सफेद पास्ता और चावल के अधिक सेवन से मीनोपोज समय से करीब डेढ़ वर्ष पहले हो सकती है. एपिडेमिलॉजी एंड कम्युनिटी हैल्थ नाम के जर्नल में प्रकाशित शोध में पता चला है कि सेहतमंद चीजें मसलन ऑयली फि‍श और ताजी फलियां जैसे कि मटर और हरे बीन्स खाने से मीनोपोज देर से होती है.

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यूनिवर्सिटी ऑफ लीड्स के शोधकर्ताओं ने खानपान और मीनोपोज के बीच संबंध तलाशने के लिए अध्ययन किया. इस शोध में ब्रिटेन में रहने वाली 14,150 महिलाओं को शामिल किया गया. शोधकर्ता याश्वी डननेराम का कहना है कि यह इस किस्म का पहला शोध है जिसमें ब्रिटेन की महिलाओं में न्यूट्रिशंस, खाद्य समूहों की विविधता और नेचुरल मीनोपोज की आयु के बीच संबंध तलाशा गया. खानपान संबंधी प्रश्नावली के अलावा महिलाओं के प्रजनन के इतिहास और सेहत के बारे में जानकारी जुटाई गई. चार वर्ष बाद शोधकर्ताओं ने उन महिलाओं की डाइट का आकलन किया जिन्हें इस बीच मीनोपोज हो गया था.

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ब्रिटेन में मीनोपोज की औसत आयु 51 वर्ष है. करीब 900 महिलाओं (40 से 65 वर्ष) को इस बीच प्राकृतिक रूप से मीनोपोज हुआ. आकलन में पाया गया कि जिन महिलाओं ने ऑयली फिश का अधिक सेवन किया और उन्हें कम से कम तीन साल देर से मीनोपोज हुआ. जबकि पाया गया कि रिफाइंड पास्ता और चावल खाने वाली महिलाओं में मीनोपोज डेढ़ साल पहले ही हो गया. यूनिवर्सिटी ऑफ लीड्स में प्रोफेसर जानेट केड ने कहा कि मीनोपोज का कुछ महिलाओं के लिए सेहत पर गंभीर प्रभाव हो सकता है.

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