गोरा रंग खूबसूरती का मापदंड नहीं रहा : यामी गौतम

अभिनेत्री यामी गौतम का मानना है कि अब गोरा रंग खूबसूरत (Surat)ी का मापदंड नहीं रह गया हैं. कई सालों से एक मशहूर फेयरनेस क्रीम ब्रांड के साथ काफी सालों से जुड़ीं बॉलीवुड (Bollywood) अभिनेत्री यामी गौतम कहना है कि उन्हें इस बात की खुशी है कि वक्त के साथ-साथ खूबसूरत (Surat)ी की परिभाषा बदल गई है और अब गोरा रंग खूबसूरत (Surat)ी का मापदंड नहीं रहा है.

  उदयपुर में रविवार को मिले 9 कोरोना मरीज, उदयपुर में रिकवरी रेट 76 प्रतिशत

यामी की आगामी फिल्म ‘बाला’ भी खूबसूरत (Surat)ी को संबोधित करती है, फिल्म वक्त से पहले गंजे हुए एक युवक और एक सांवली रंग की लड़की के इर्द-गिर्द घूमती है. फिल्म के इन दोनों किरदारों को आयुष्मान खुराना और भूमि पेडनेकर ने निभाया है. यामी का कहना है कि “सोशल मीडिया (Media) और फिल्में उन्हीं चीजों को उजागर करती है जो सदियों से हमारे चारों ओर विद्यमान है.

  महाराष्‍ट्र में अब तक 2211 पुलिसकर्मी कोरोना पॉजिटिव, 25 की मौत

उस वक्त इन एड फिल्मों को बनाने की वजह भी यह थी. उस वक्त खूबसूरत (Surat)ी की परिभाषा यह थी कि एक अच्छा दूल्हा और एक अच्छी नौकरी के लिए एक लड़की का गोरा होना जरूरी है. मुझे खुशी है कि वक्त बदल गया है और खूबसूरत (Surat)ी की परिभाषा पर बातचीत शुरू हो गई है.”

Please share this news