कमल हॉसन ने की लॉकडाउन की आलोचना

नई दिल्ली (New Delhi) .देश भर में जारी लॉकडाउन (Lockdown) के विरोध में प्रधानंमत्री नरेंद्र मोदी को पत्र लिखने के कारण एक्टर कमल हासन ट्रोलर्स के निशाने पर आ गए हैं. बता दें ‎कि कमल हासन द्वारा देशभर में 21 दिनों के लिए लॉकडाउन (Lockdown) लागू किए जाने की आलोचना करते हुए एक खुला पत्र लिखा है और उनके फैसले को गलत बताया है. लेकिन इस तरह का पत्र लिखना सोशल मीडिया (Media) यूजर्स को पसंद नहीं आया. अब कमल हासन अपने इस पत्र को लेकर यूजर्स के निशाने पर हैं और जमकर ट्रोल हो रहे हैं.एक यूजर ने ट्रोल करते हुए लिखा, “एक खुला पत्र लिखने के बजाय आप पीएम से मिल सकते थे और उनसे मिल कर आमने सामने बात कर सकते थे. लेकिन पीएम को एक खुला पत्र लिखकर आप बच्चे की तरह सिर्फ दिखावा कर रहे हैं.

  अक्षय कुमार ने 'फिलहाल' पार्ट 2 गाने की कास्ट‍िंग को किया खारिज, प्रशंसकों को किया अलर्ट

आप यह दिखाने चाहते हैं कि आप गरीबों की चिंता ज्यादा करते हैं. इस तरह के नाटक की आवश्यकता नहीं है.” एक और ट्रोलर ने कहा, “क्या इस आदमी को फोन पर पीएम द्वारा बड़े बैठक में नहीं बुलाया गया था? या सर्वदलीय बैठक में भाग लेने के लिए आमंत्रित नहीं किया गया? इसलिए पागलों की तरह चिल्ला रहा है.” कमल हासन ने पत्र का समापन यह कहते हुए किया कि भले ही वह नाराज हैं, लेकिन संकट की इस घड़ी में प्रधानमंत्री के पक्ष में हैं. जय हिंद. मक्कल निधि मय्यम पार्टी के संस्थापक कमल ने अपने पत्र में लिखा, “आदरणीय महोदय, मैं इस पत्र को हमारे देश के एक जिम्मेदार लेकिन निराश नागरिक के रूप में लिख रहा हूं.

  सितंबर में हो सकता है रोम क्ले कोर्ट टूर्नामेंट

23 मार्च को आपको लिखे अपने पहले पत्र में मैंने सरकार (Government) से आग्रह किया था कि हमारे समाज के अनसुने नायकों, सबसे कमजोर और आश्रित लोगों की दुर्दशा देखकर मुंह नहीं मोड़े. लेकिन अगले ही दिन राष्ट्र ने एक सख्त और तत्काल लॉकडाउन (Lockdown) की घोषणा कर दिया, लगभग नोटबंदी के जैसे ही.”उन्होंने आगे लिखा, “मैं हैरान रह गया, लेकिन मैंने अपने चुने गए नेता पर भरोसा करना सही समझा. मैंने तब भी आप पर भरोसा करना चुना था, जब आपने नोटबंदी की घोषणा की थी, लेकिन समय ने साबित किया कि मैं गलत था. समय ने साबित कर दिया कि आप की माननीय भी गलत थी.”अब कमल हासन अपने इस पत्र को लेकर यूजर्स के निशाने पर हैं और जमकर ट्रोल हो रहे हैं.

Please share this news