क्वारनटीन सेंटर से निकलकर गेहूं पिसवाने पंहुचा युवक तो पुलिस ने पीटा, किया सुसाइड


लखीमपुर . उत्तर प्रदेश (Uttar Pradesh) के लखीमपुर खीरी जिले के फरिया पिपरिया गांव से एक सनसनीखेज मामला सामने आया है, जहां एक युवक हरियाणा (Haryana) से मजदूरी करके वापस अपने गांव लौटा था. इस वजह से उस युवक को क्वारनटीन सेंटर में रखा गया था. युवक क्वारनटीन सेंटर से निकल कर जब अपने घर के लिए चक्की से गेहूं पिसवाने चला गया तो वहां मौजूद दो सिपाहियों ने उसकी जमकर पिटाई कर दी.

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इस बात से आहत होकर युवक ने आत्महत्या (Murder) कर ली. बताया जा रहा है कि मृतक युवक का नाम रोशन लाल था. उसकी उम्र 22 साल थी. वह हाल ही में हरियाणा (Haryana) से मजदूरी कर वापस लौटा था जिसकी वजह से गांव के ही एक स्कूल में बनाए गए क्वारनटीन सेंटर में रखा गया था. जब उसे पता चला कि उसके घर में आटा नहीं है तो उसने अपनी भाभी से कहा कि गेहूं भेज दो हम पिसवा लाते हैं और वह गेहूं लेकर गांव से औरंगाबाद कस्बे को चला गया. रोशन लाल औरंगाबाद कस्बे में बनी आटे की चक्की के बाहर खड़ा था. इतने में उधर से निकल रहे चौकी के 2 सिपाहीयों ने उसे वहां खड़ा देख लिया.

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दोनों सिपाहियों ने उससे वहां खड़े होने का कारण पूछा तो उसने बताया कि मैं गेहूं पिसवाने आया हूं. इस पर दोनों सिपाहियों ने युवक से पूछा कि तुम तो क्वारनटीन सेंटर में रह रहे थे और यहां निकलकर कैसे आ गए. जब तक युवक रोशन लाल सिपाही को कुछ बताता तब तक सिपाही ने उसकी लाठी-डंडों से जमकर पिटाई कर दी.

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